प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि कला और संस्कृति में लोगों और देशों को एक-दूसरे के करीब लाने की अद्भुत क्षमता होती है। उन्होंने यह बात स्लोवाकिया की राजधानी ब्रातिस्लावा स्थित राष्ट्रपति भवन में वाराणसी पर आधारित एक विशेष कला प्रदर्शनी का अवलोकन करने के बाद कही।
प्रधानमंत्री मोदी ने स्लोवाकिया के राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी के साथ इस प्रदर्शनी का दौरा किया। प्रदर्शनी में उन स्लोवाक कलाकारों की कलाकृतियां प्रदर्शित की गई थीं, जिन्होंने हाल ही में भारत के प्राचीन और आध्यात्मिक शहर वाराणसी की यात्रा की थी। कलाकारों ने वहां की संस्कृति, परंपराओं, धार्मिक जीवन और घाटों की जीवंतता से प्रेरित होकर चित्रों का सृजन किया था।
सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर प्रधानमंत्री मोदी ने अपने अनुभव साझा करते हुए लिखा कि ब्रातिस्लावा में बनारस का विशेष जुड़ाव देखने को मिला। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति भवन में आयोजित इस आकर्षक प्रदर्शनी में वाराणसी की आत्मा को बेहद खूबसूरती से चित्रित किया गया है। प्रधानमंत्री ने सभी कलाकारों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि कला और संस्कृति वास्तव में लोगों को एक-दूसरे के करीब लाने का अनोखा माध्यम हैं।
‘वाराणसी सिटी’ विषय पर आधारित इस प्रदर्शनी में शहर की धार्मिक परंपराओं, गंगा घाटों के जीवन, सांस्कृतिक विविधता और आध्यात्मिक वातावरण को चित्रों के माध्यम से प्रस्तुत किया गया। प्रदर्शनी में शामिल कलाकारों ने वाराणसी के रंग, संस्कृति और जीवनशैली को अपनी रचनात्मक दृष्टि से उकेरा, जिसकी दोनों नेताओं ने सराहना की।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, प्रदर्शनी भारत और स्लोवाकिया के बीच सांस्कृतिक संबंधों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। मंत्रालय ने कहा कि कला और संस्कृति दोनों देशों के लोगों को जोड़ने तथा आपसी समझ और सहयोग को बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति पेलेग्रिनी ने इस बात पर भी जोर दिया कि सांस्कृतिक आदान-प्रदान दोनों देशों के संबंधों को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम बन सकता है। दोनों नेताओं ने भविष्य में भी ऐसे सांस्कृतिक कार्यक्रमों को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया।
प्रधानमंत्री मोदी की स्लोवाकिया यात्रा के दौरान उन्हें देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस (फर्स्ट क्लास)’ से भी सम्मानित किया गया। यह किसी विदेशी देश द्वारा प्रधानमंत्री मोदी को प्रदान किया गया 33वां अंतरराष्ट्रीय सम्मान है।
सम्मान प्राप्त करने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वह इस प्रतिष्ठित सम्मान को पाकर गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। उन्होंने स्लोवाकिया की सरकार और वहां की जनता का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सम्मान भारत के 140 करोड़ नागरिकों का सम्मान है। उन्होंने इस पुरस्कार को भारत और स्लोवाकिया के बीच स्थायी मित्रता, विश्वास और सहयोग को समर्पित किया।
