भारत और स्विट्जरलैंड ने निवेश, विज्ञान, प्रौद्योगिकी, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्रों में अपने द्विपक्षीय संबंधों को और गहरा करने की प्रतिबद्धता जताई है। इस सिलसिले में केंद्रीय वित्त एवं कॉर्पोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारमण ने नई दिल्ली में स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय पार्मेलिन से मुलाकात की। वित्त मंत्रालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर जानकारी दी कि दोनों नेताओं के बीच साझा हितों पर व्यापक विचार-विमर्श हुआ, जिसमें द्विपक्षीय निवेश संधि (BIT) पर जारी बातचीत को आगे बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
इससे पूर्व, केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने भी स्विस राष्ट्रपति के साथ उच्चस्तरीय बैठक की। दोनों पक्षों ने विज्ञान, तकनीक, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में दीर्घकालिक एवं संरचित सहयोग पर सहमति व्यक्त की। डॉ. जितेंद्र सिंह ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), बायोटेक्नोलॉजी, जीनोम सीक्वेंसिंग, क्वांटम टेक्नोलॉजी, स्पेस रिसर्च, डीप सी रिसर्च तथा ‘ब्लू इकोनॉमी’ एवं ‘बायो-इकोनॉमी’ जैसे उभरते क्षेत्रों में भारत की प्रगति और प्राथमिकताओं को रेखांकित किया। उन्होंने इंडो-स्विस रिसर्च फ्रेमवर्क (ISRF) और इंडो-स्विस जॉइंट साइंटिफिक बोर्ड की प्रगति की सराहना की।
स्विस राष्ट्रपति गाय पार्मेलिन ने भारत को एक तेजी से उभरती हुई वैश्विक अनुसंधान एवं विकास शक्ति बताया और भारत के साथ शिक्षा व नवाचार के क्षेत्र में दीर्घकालिक साझेदारी की मंशा जाहिर की। उन्होंने इस संयुक्त अनुसंधान ढांचे को मजबूत करने के लिए स्विट्जरलैंड की ओर से 45 मिलियन स्विस फ्रैंक (CHF) की अतिरिक्त वित्तीय प्रतिबद्धता की भी घोषणा की।
