जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ जिले में आतंकवादियों के साथ हुई मुठभेड़ में वीरगति को प्राप्त स्पेशल फोर्सेज के हवलदार गजेंद्र सिंह गढ़िया का आज उनके गृह जनपद बागेश्वर में राजकीय और सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। कपकोट तहसील के बीथी गांव के निवासी शहीद जवान के सर्वोच्च बलिदान से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है।
शहीद हवलदार गजेंद्र सिंह गढ़िया का पार्थिव शरीर आज सैन्य हेलीकॉप्टर से कपकोट लाया गया। पीजी कॉलेज मैदान में “भारत माता की जय” और “शहीद गजेंद्र सिंह अमर रहें” के गगनभेदी नारों के बीच लोगों ने पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इसके बाद सरयू–खीरगंगा संगम पर पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। 19 सिख रेजिमेंट की सेना टुकड़ी ने शहीद को गार्ड ऑफ ऑनर दिया।
शहीद के चाचा भूपाल सिंह गढ़िया ने कहा कि गजेंद्र सिंह का बलिदान आने वाली पीढ़ियों को राष्ट्र सेवा की प्रेरणा देता रहेगा। स्थानीय विधायक सुरेश गढ़िया ने भी शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनका सर्वोच्च बलिदान युवाओं में देशप्रेम और देश रक्षा की भावना को मजबूत करेगा।
