बिहार में वार्षिक माध्यमिक (मैट्रिक) परीक्षा को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। बिहार में यह परीक्षा 17 फरवरी से 25 फरवरी तक आयोजित की जाएगी। परीक्षा जिले के 22 परीक्षा केंद्रों पर दो पालियों में आयोजित होगी। पहली पाली सुबह 9:30 बजे से दोपहर 12:45 बजे तक तथा दूसरी पाली दोपहर 2:00 बजे से शाम 5:15 बजे तक संचालित की जाएगी।
परीक्षा में इस वर्ष कुल 19,586 परीक्षार्थी शामिल होंगे। परीक्षा को सुव्यवस्थित और अनुशासित तरीके से संपन्न कराने के लिए जिले में चार आदर्श परीक्षा केंद्र भी बनाए गए हैं। प्रशासन और शिक्षा विभाग द्वारा सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को अंतिम रूप दे दिया गया है।
परीक्षार्थियों के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। सभी विद्यार्थियों को परीक्षा शुरू होने से कम से कम एक घंटे पहले परीक्षा केंद्र पहुंचना अनिवार्य होगा। देर से आने वाले परीक्षार्थियों को केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी। साथ ही, परीक्षार्थियों को केवल चप्पल पहनकर ही परीक्षा केंद्र में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। परीक्षा पूरी तरह सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में आयोजित की जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर स्टेटिक दंडाधिकारी के नेतृत्व में पुलिस बल और सशस्त्र जवानों की तैनाती की गई है। परीक्षा को कदाचारमुक्त और शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के लिए आठ उड़नदस्ता सह गश्ती दंडाधिकारियों की भी नियुक्ति की गई है।
सभी 22 परीक्षा केंद्रों को पांच जोनों में बांटा गया है। प्रत्येक जोन में एक जोनल दंडाधिकारी के साथ पुलिस बल की तैनाती की गई है। इसके अलावा पांच सुपर जोनल दंडाधिकारी भी तैनात किए गए हैं, जो परीक्षा की निगरानी करेंगे।
जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पिनिकर ने बताया कि परीक्षा को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उन्होंने परीक्षार्थियों से समय से पहले परीक्षा केंद्र पहुंचने की अपील की है। साथ ही परीक्षा अवधि में यातायात व्यवस्था सुचारू रखने के लिए ट्रैफिक पुलिस को विशेष सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
