महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राज्य के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन पर गहरा दुःख व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि एक विमान दुर्घटना में अजित पवार का निधन हो जाना महाराष्ट्र के लिए अपूरणीय क्षति है। इस दुखद घटना से पूरे राज्य में शोक का माहौल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अजित पवार जैसे अनुभवी और जमीनी नेता को खोना महाराष्ट्र के लिए बहुत बड़ा नुकसान है। निजी जीवन में वे उनके अच्छे मित्र भी थे।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि उन्होंने अजित पवार के साथ मिलकर कई कठिन चुनौतियों का सामना किया और राज्य के विकास के लिए मिल-जुलकर कार्य किया। जिस समय वे महाराष्ट्र की प्रगति में सक्रिय भूमिका निभा रहे थे, उसी समय उनका असमय निधन होना अत्यंत पीड़ादायक है। उन्होंने कहा कि इस दुःख की घड़ी में सरकार पूरी मजबूती के साथ पवार परिवार के साथ खड़ी है। मुख्यमंत्री ने बताया कि वे उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के साथ बारामती जाएंगे और इस घटना की जानकारी प्रधानमंत्री और केंद्रीय गृह मंत्री को भी दी गई है, जिन्होंने इस पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने जानकारी दी कि महाराष्ट्र में तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया गया है। वहीं, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने अजित पवार के निधन को महाराष्ट्र के लिए काला दिन बताया। उन्होंने कहा कि यह ऐसी दुखद घटना है, जिसने राज्य के हर नागरिक के दिल को आहत किया है। हम दोनों उपमुख्यमंत्री के रूप में मिलकर महाराष्ट्र को आगे बढ़ाने के लिए काम कर रहे थे।
डिप्टी सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा कि अजित पवार समय के पाबंद, कर्मठ और दूरदर्शी नेता थे। वे योजनाओं के क्रियान्वयन में हमेशा आगे रहते थे और समाजहित के कार्यों के लिए कभी पीछे नहीं हटे। उन्होंने कहा कि एक टीम के रूप में उन्होंने, मुख्यमंत्री और अजित पवार ने मिलकर कई महत्वपूर्ण योजनाओं की शुरुआत की थी। आज एक बड़े भाई और मजबूत साथी का जाना हम सभी के लिए गहरा आघात है।
इस बीच, बारामती अस्पताल के बाहर भारी भीड़ जमा हो गई है, जहां महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और एनसीपी नेता अजित पवार के पार्थिव शरीर को लाया गया है। राज्यभर से नेता, कार्यकर्ता और आम लोग उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि देने पहुंच रहे हैं।
