अररिया जिले के फारबिसगंज में दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना के तहत जीविका द्वारा आयोजित रोजगार-सह-मार्गदर्शन मेला काली मेला ग्राउंड में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम का शुभारंभ अनुमंडल पदाधिकारी फारबिसगंज रणजीत कुमार रंजन, जीविका के जिला परियोजना प्रबंधक नवीन कुमार, प्रखंड विकास पदाधिकारी संजय कुमार, नगर पार्षद वीणा देवी, मानव संसाधन प्रबंधक मो. सुलेमान, युवा पेशेवर ऋषभ प्रसाद, सूक्ष्म वित्त प्रबंधक वीरेन्द्र कुमार, प्रखंड परियोजना प्रबंधक आशीष रंजन एवं सीएलएफ लीडर्स द्वारा संयुक्त रूप से फीता काटकर किया गया।
उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए जिला परियोजना प्रबंधक नवीन कुमार ने कहा कि यह मेला युवाओं को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने का एक उत्कृष्ट अवसर प्रदान करता है। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे मेले में उपस्थित विभिन्न कंपनियों से संवाद कर उपलब्ध अवसरों का अधिकतम लाभ उठाएं। रोजगार प्रबंधक नीर नीरज ने सभी कंपनियों, अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत किया तथा कार्यक्रम की सफलता में सहयोग देने वाले सभी हितधारकों को धन्यवाद दिया।
इस रोजगार मेले में 18 कंपनियों ने भाग लिया, जबकि लगभग 2400 युवाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। ब्लिंकिट, महिंद्रा ऑटोमोबाइल्स, नवभारत फर्टिलाइज़र, LNJ स्किल्स, टाटा मोटर्स, मनी ट्री, बारबेक्यू नेशन, डी-सेट, LIC, RSETI, HDFC और होप केयर जैसी प्रतिष्ठित कंपनियों ने रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराए। मेले की सबसे बड़ी उपलब्धि यह रही कि कई युवाओं को स्थान पर ही ऑफर लेटर प्रदान किए गए, जिससे कार्यक्रम में उत्साह का माहौल बना रहा।
इसके साथ ही मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना से लाभान्वित महिलाओं ने अपने उत्पाद, स्वरोजगार और नवाचार का प्रदर्शन किया तथा अन्य महिलाओं को प्रेरित किया। बिहार सरकार के सामाजिक कल्याण विभाग की सक्षम परियोजना ने जीविका के सहयोग से प्रतिभागियों को दिव्यांगता के प्रति जागरूक किया और इच्छुक व्यक्तियों की दिव्यांगता जांच भी की।
यह रोजगार-सह-मार्गदर्शन मेला युवाओं और महिलाओं को रोजगार, कौशल विकास और उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने के लिए एक महत्वपूर्ण मंच प्रदान करता है। यह न केवल नए अवसरों से जोड़ता है, बल्कि स्थानीय उद्यमिता, आजीविका संवर्धन और आत्मनिर्भरता को भी मजबूत बनाता है।
