प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि आर्थिक सर्वेक्षण यह दर्शाता है कि वैश्विक चुनौतियों के बावजूद भारत की तेज़ रफ्तार ‘रिफॉर्म एक्सप्रेस’ पूरी मजबूती के साथ आगे बढ़ रही है। संसद में कल प्रस्तुत किए गए आर्थिक सर्वेक्षण को लेकर सोशल मीडिया पर अपने संदेश में प्रधानमंत्री ने कहा कि यह सर्वेक्षण निरंतरता और स्पष्ट उद्देश्य के साथ आगे बढ़ते सुधारों की कहानी बयां करता है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आर्थिक सर्वेक्षण भारत की आर्थिक बुनियाद की मजबूती और विकास, नवाचार तथा समावेशी प्रगति को गति देने के लिए सरकार के निरंतर प्रयासों को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि बीते वर्षों में किए गए सतत सुधारों ने अर्थव्यवस्था को मजबूत किया है और निवेशकों, उद्योग जगत तथा आम नागरिकों के बीच भरोसा बढ़ाया है।
प्रधानमंत्री के अनुसार, सर्वेक्षण में मजबूत मैक्रोइकोनॉमिक आधार, निरंतर विकास की गति और राष्ट्र निर्माण में नवाचार, उद्यमिता तथा बुनियादी ढांचे की बढ़ती भूमिका को रेखांकित किया गया है। उन्होंने कहा कि आर्थिक सर्वेक्षण समावेशी विकास के महत्व को भी उजागर करता है, जिसमें किसानों, एमएसएमई, युवाओं के रोजगार और सामाजिक कल्याण पर विशेष ध्यान दिया गया है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि डिजिटल सेवाओं के विस्तार से लेकर स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने और बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचा परियोजनाओं तक, ये सभी पहलें आर्थिक परिवर्तन की प्रमुख प्रेरक शक्ति बनकर उभर रही हैं। सर्वेक्षण में प्रस्तुत रोडमैप का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह विनिर्माण को सशक्त बनाने, उत्पादकता बढ़ाने और भारत को विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ने के लिए स्पष्ट मार्गदर्शन प्रदान करता है।
प्रधानमंत्री ने औद्योगिक विकास, कौशल निर्माण और तकनीकी प्रगति को समर्थन देने वाले सुधारों के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दोहराया। उन्होंने कहा कि आर्थिक सर्वेक्षण में साझा की गई जानकारियां नीतियों को अधिक सूचनापरक बनाने और भारत की आर्थिक भविष्य को लेकर विश्वास बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। प्रधानमंत्री ने विश्वास जताया कि सरकार दृढ़ संकल्प के साथ विकास की गति बनाए रखते हुए एक मजबूत और लचीली अर्थव्यवस्था के निर्माण के लिए लगातार काम करती रहेगी।
