राजधानी पटना के ऐतिहासिक गांधी मैदान में आयोजित सरस मेला 2025 का भव्य उद्घाटन बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने किया। इस अवसर पर राज्य सरकार के वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिकों के साथ-साथ बड़ी संख्या में आम लोग मौजूद रहे, जिससे आयोजन का माहौल उत्साहपूर्ण और जीवंत नजर आया।
उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि सरस मेला केवल व्यापार और बिक्री तक सीमित नहीं है, बल्कि यह बिहार की समृद्ध कला, संस्कृति और स्थानीय उत्पादों को राष्ट्रीय पहचान दिलाने का एक सशक्त मंच है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती देने के साथ-साथ शिल्पकारों और कारीगरों को आत्मनिर्भर बनाने में अहम भूमिका निभाते हैं।
मुख्यमंत्री ने आयोजकों को भविष्य में सरस मेले को और अधिक व्यापक स्तर पर आयोजित करने के लिए प्रोत्साहित किया, ताकि राज्य के साथ-साथ देशभर के कारीगरों और कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का और अधिक अवसर मिल सके।
सरस मेला 2025 में बिहार सहित देश के विभिन्न राज्यों से आए व्यापारी, हस्तशिल्पी और कलाकार भाग ले रहे हैं। मेले में पारंपरिक हस्तशिल्प, ग्रामीण उत्पादों की प्रदर्शनी, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और स्थानीय व्यंजनों की विशेष प्रस्तुतियां लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी हुई हैं।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आम नागरिकों से अपील की कि वे इस मेले में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और स्थानीय व्यवसायों, शिल्पकारों तथा सांस्कृतिक पहलों को प्रोत्साहित कर बिहार की समृद्ध विरासत को आगे बढ़ाने में सहयोग करें।
