उत्तराखंड में कोडीन युक्त सिरप और नकली दवाइयों के अवैध कारोबार पर रोक लगाने के लिए खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग ने प्रदेशभर में व्यापक अभियान शुरू किया है। गढ़वाल और कुमाऊं दोनों मंडलों में यह अभियान युद्धस्तर पर चलाया जा रहा है और कई स्थानों पर संदिग्ध दवाइयों की खेप भी पकड़ी गई है।
विभाग ने कार्रवाई को प्रभावी और निष्पक्ष बनाने के लिए विशेष रणनीति अपनाई है। अपर आयुक्त खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन के निर्देश पर औषधि निरीक्षकों के तीन विशेष दल गठित किए गए हैं, जो विभिन्न जिलों में लगातार निरीक्षण कर रहे हैं।
अभियान में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए क्रॉस-डिस्ट्रिक्ट निरीक्षण व्यवस्था भी लागू की गई है। इसके तहत एक जिले के औषधि निरीक्षक दूसरे जिले में जाकर जांच करेंगे, जिससे कार्रवाई निष्पक्ष और प्रभावी हो सके।
अपर आयुक्त एवं ड्रग कंट्रोलर ताजबर सिंह जग्गी ने बताया कि बिना प्रिस्क्रिप्शन दवाओं की बिक्री, अवैध भंडारण या रिकॉर्ड में गड़बड़ी पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों के खिलाफ कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि अवैध दवा कारोबार पर नियंत्रण के लिए विशेष निरीक्षण दल सक्रिय किए गए हैं और क्रॉस-डिस्ट्रिक्ट जांच व्यवस्था लागू की गई है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जिन प्रतिष्ठानों में नियमों का उल्लंघन पाया जाएगा, उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। विभाग का यह अभियान पूरे प्रदेश में लगातार जारी रहेगा, ताकि अवैध दवा कारोबार पर पूरी तरह से अंकुश लगाया जा सके।
