अमेरिकी फेडरल रिजर्व की नीतिगत बैठक के परिणामों का आकलन करने के कारण भारतीय शेयर बाजार गुरुवार के सत्र में मिले-जुले रुख के साथ बंद हुआ। इस दौरान सेंसेक्स सपाट बंद हुआ, जबकि निफ्टी में मामूली बढ़त दर्ज की गई।
बीएसई सेंसेक्स 21.86 अंक यानी 0.03 प्रतिशत गिरकर 74,314.59 पर बंद हुआ, जबकि एनएसई निफ्टी50 53 अंक यानी 0.23 प्रतिशत बढ़कर 23,270.60 पर पहुंच गया।
कारोबारी सत्र के दौरान, 30 शेयरों वाला सेंसेक्स अपने पिछले बंद 74,336.45 से 153.83 अंक यानी 0.20 प्रतिशत गिरकर 74,182.62 पर खुला, लेकिन एक समय यह 341.11 अंकों (0.45 प्रतिशत) की उछाल के साथ 74,677.56 के दिन के उच्चतम स्तर पर पहुंच गया।
वहीं, निफ्टी 50 अपने पिछले बंद 23,217.60 से 22.34 अंक गिरकर 23,195.25 पर खुला, और सत्र में एक समय इसने 145.95 अंकों (0.62 प्रतिशत) की बढ़त के साथ 23,363.55 का इंट्रा-डे हाई बनाया, जबकि 23,193.65 का दिन का निचला स्तर छुआ।
व्यापक बाजारों में निफ्टी मिडकैप और निफ्टी स्मॉलकैप इंडेक्स में क्रमशः 0.92 प्रतिशत और 0.76 प्रतिशत की तेजी देखने को मिली। सेक्टरवार देखें तो निफ्टी रियल्टी, निफ्टी ऑटो और निफ्टी मेटल ने बेहतर प्रदर्शन किया, जबकि निफ्टी बैंक, निफ्टी पीएसयू बैंक और निफ्टी प्राइवेट बैंक में सबसे ज्यादा गिरावट दर्ज की गई।
निफ्टी50 इंडेक्स में एचडीएफसी लाइफ के शेयरों में सबसे ज्यादा 5.05 प्रतिशत की तेजी देखने को मिली। इसके अलावा टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स (टीएमपीवी), एसबीआई लाइफ, डॉ. रेड्डीज लेबोरेटरीज, बीईएल, इंडिगो और टाटा स्टील के शेयर टॉप गेनर्स में शामिल रहे। इसके विपरीत ओएनजीसी, टाइटन, एचडीएफसी बैंक, एचयूएल, कोल इंडिया और नेस्ले इंडिया के शेयरों में गिरावट आई।
फेड की संभावित ब्याज दर बढ़ोतरी और बॉन्ड यील्ड में नरमी से वैश्विक बाजारों को सहारा मिला। घरेलू बाजार में उतार-चढ़ाव के बावजूद हालिया गिरावट के बाद ‘वैल्यू बाइंग’ से बाजार बढ़त के साथ संभलने में कामयाब रहा। Capital Goods, Industrial, Defense, Power और Healthcare सेक्टर में निवेशकों की रुचि बनी रही।
