एशियन गेम्स 2026 में भारतीय धावक गुलवीर सिंह ने इतिहास रच दिया है। उन्होंने नागोया के मिजुहो पार्क एथलेटिक स्टेडियम में पुरुषों की 10,000 मीटर रेस में शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक (सिल्वर मेडल) अपने नाम किया। इसके साथ ही वह एशियन गेम्स में इस स्पर्धा में दो पदक जीतने वाले पहले भारतीय एथलीट बन गए हैं।
कांस्य के बाद अब रजत पर कब्जा
गुलवीर ने 25 लैप की यह चुनौतीपूर्ण रेस 28:29.38 समय में पूरी की। इससे पहले उन्होंने हांग्जो एशियन गेम्स 2023 में इसी स्पर्धा में कांस्य पदक जीता था। रेस के अंतिम क्षणों में गुलवीर ने जबरदस्त गति दिखाई और बहरीन के धावकों के बीच जगह बनाते हुए दूसरा स्थान हासिल किया। बहरीन के बिरहानु बालेव ने 28:27.51 समय के साथ स्वर्ण पदक जीता, जबकि उनके साथी अल्बर्ट किप्टू (28:34.38) को कांस्य पदक मिला।
अंतरराष्ट्रीय मंच पर लगातार सफलताएं
भारतीय सेना में नायब सूबेदार के पद पर कार्यरत गुलवीर सिंह ने खुद को देश के शीर्ष लॉन्ग-डिस्टेंस रनर्स के रूप में स्थापित किया है:
- एशियन चैंपियनशिप: एशियन एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2023 में 5,000 मीटर में कांस्य के बाद उन्होंने 2025 (साउथ कोरिया) में 5,000 मीटर और 10,000 मीटर दोनों में स्वर्ण पदक जीतकर ‘गोल्डन डबल’ पूरा किया था।
- कॉमनवेल्थ गेम्स: ग्लासगो राष्ट्रमंडल खेलों में उन्होंने 10,000 मीटर में रजत और 5,000 मीटर में कांस्य पदक जीता।
- ऐतिहासिक कीर्तिमान: 5,000 मीटर शॉर्ट ट्रैक में 12:59.77 का समय निकालकर वह इनडोर रेस में 13 मिनट से कम समय लेने वाले पहले एशियाई बने। इसके अलावा 2026 में 59:42 के समय के साथ वह 60 मिनट से कम में हाफ मैराथन पूरी करने वाले प्रथम भारतीय बने।
वर्तमान में गुलवीर अमेरिका के कोलोराडो स्प्रिंग्स में कोच स्कॉट सिमंस के मार्गदर्शन में हाई-एल्टीट्यूड ट्रेनिंग प्राप्त कर रहे हैं।
