थाईलैंड के बैंकॉक में आयोजित वर्ल्ड आर्चेरी पैरा सीरीज में भारतीय तीरंदाजों ने ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए कुल 16 पदक अपने नाम किए, जिनमें सात स्वर्ण, पांच रजत और चार कांस्य पदक शामिल हैं। इस प्रतियोगिता का सबसे बड़ा आकर्षण 18 वर्षीय पायल नाग रहीं, जिन्होंने कंपाउंड महिला फाइनल में दुनिया की नंबर-1 तीरंदाज शीतल देवी को 139-136 के अंतर से हराकर स्वर्ण पदक पर कब्जा किया। पायल नाग ने अपनी शारीरिक चुनौतियों को मात देते हुए इस खिताबी मुकाबले में गजब का कौशल दिखाया। अन्य प्रमुख मुकाबलों में तोमन कुमार ने कंपाउंड पुरुष वर्ग में ऑस्ट्रेलिया के जोनाथन मिल्ने को 146-142 से हराकर सोने का तमगा जीता, जबकि भावना ने रिकर्व महिला वर्ग के फाइनल में थाईलैंड की फथाराफॉन पट्टावेओ को 6-0 से करारी शिकस्त देकर स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
दोहरे पैरालंपिक पदक विजेता हरविंदर सिंह को रिकर्व फाइनल में इंडोनेशिया के खोलिदीन से 3-7 से हारने के बाद रजत पदक से संतोष करना पड़ा। इसी तरह स्वाति चौधरी ने भी डब्ल्यू-1 महिला वर्ग में दक्षिण कोरिया की ओक ग्यूम किम से 3-7 से हारकर रजत पदक हासिल किया। इससे पहले, श्याम सुंदर स्वामी ने कंपाउंड पुरुष व्यक्तिगत स्पर्धा के कांस्य पदक मुकाबले में अपने ही देश के पेरिस पैरालंपिक पदक विजेता राकेश कुमार को कड़े संघर्ष में हराकर कांस्य पदक सुरक्षित किया, जबकि राकेश कुमार इस हार के बाद चौथे स्थान पर रहे। भारतीय पैरा तीरंदाजों के इस शानदार प्रदर्शन ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश का मान बढ़ाया है।
