तमिलनाडु की राजनीति में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम के तहत सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली तमिलनाडु वेत्री कड़गम सरकार ने विधानसभा में फ्लोर टेस्ट जीतकर अपनी सत्ता पर मुहर लगा दी है। सदन की कार्यवाही के दौरान हुए इस शक्ति परीक्षण में सरकार के पक्ष में कुल 144 विधायकों ने मतदान किया, जिससे स्पष्ट हो गया कि विजय सरकार के पास सदन में पूर्ण और प्रभावी बहुमत मौजूद है। इस विश्वास मत की प्रक्रिया के दौरान विपक्षी खेमे में हलचल देखी गई और सदन में मौजूद विधायकों में से 22 सदस्यों ने इस प्रस्ताव के खिलाफ अपना वोट डाला। राज्य की मुख्य विपक्षी पार्टी द्रविड़ मुनेत्र कड़गम यानी डीएमके ने कार्यवाही का बहिष्कार करते हुए सदन से वॉकआउट कर दिया, जिसके चलते वोटिंग के समय उनकी अनुपस्थिति दर्ज की गई।
गौरतलब है कि हाल ही में संपन्न हुए विधानसभा चुनावों में विजय की पार्टी को केवल 108 सीटें ही प्राप्त हुई थीं, जिसके बाद तमिलनाडु के राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने उन्हें संवैधानिक प्रक्रिया के अनुसार सदन के पटल पर अपना बहुमत साबित करने का निर्देश दिया था। इस जीत के साथ ही राज्य में राजनीतिक अनिश्चितता के बादलों को हटाते हुए विजय ने अपनी सरकार की स्थिरता का ठोस प्रमाण प्रस्तुत कर दिया है।
