प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 5 जून 2026 को गुजरात के सूरत और केंद्र शासित प्रदेश दमन के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वे कुल 21,770 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, राष्ट्र को समर्पण और शिलान्यास करेंगे। प्रधानमंत्री की यह यात्रा गुजरात, दादरा एवं नगर हवेली और दमन एवं दीव सहित देश के विभिन्न क्षेत्रों में बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य सेवाओं, औद्योगिक विकास और कनेक्टिविटी को नई गति देने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
अपने दौरे की शुरुआत प्रधानमंत्री सूरत जिले के हजीरा से करेंगे, जहां वे औद्योगिक और आधारभूत संरचना से जुड़ी प्रमुख परियोजनाओं का जायजा लेंगे। इसके बाद सूरत में आयोजित कार्यक्रम में वे लगभग 18,800 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे। इस अवसर पर प्रधानमंत्री एक विशाल जनसभा को भी संबोधित करेंगे।
सूरत में जिन प्रमुख परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित किया जाएगा, उनमें वडोदरा-मुंबई एक्सप्रेसवे के पैकेज छह और सात शामिल हैं। इसके अलावा राष्ट्रीय राजमार्ग-56 के चार लेन विस्तार कार्य की आधारशिला भी रखी जाएगी, जिससे आदिवासी क्षेत्रों की कनेक्टिविटी बेहतर होगी और स्टैच्यू ऑफ यूनिटी तक पहुंच आसान बनेगी। प्रधानमंत्री 200 बिस्तरों वाले ईएसआईसी अस्पताल, बिजली ट्रांसमिशन नेटवर्क के विस्तार और औद्योगिक विकास से जुड़ी कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का भी शुभारंभ करेंगे। इनमें दहेज पेट्रोलियम, रसायन और पेट्रोकेमिकल निवेश क्षेत्र (पीसीपीआईआर), सारिगाम जीआईडीसी अपशिष्ट उपचार संयंत्र तथा जंबूसर बल्क ड्रग पार्क की आधारभूत सुविधाएं शामिल हैं।
शाम को प्रधानमंत्री दमन पहुंचेंगे, जहां वे NAMO हवाई अड्डे की नई टर्मिनल इमारत का उद्घाटन करेंगे और NAMO अस्पताल को राष्ट्र को समर्पित करेंगे। इसके बाद वे लगभग 2,970 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। दमन में शुरू होने वाली प्रमुख परियोजनाओं में आइकॉनिक ब्रिज, दमन कन्वेंशन सेंटर, राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान (NIFT) परिसर और आधुनिक स्वास्थ्य एवं विमानन सुविधाएं शामिल हैं। NAMO हवाई अड्डा टर्मिनल और NAMO अस्पताल पर लगभग 1,340 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है।
प्रधानमंत्री इस अवसर पर लक्षद्वीप के लिए लगभग 885 करोड़ रुपये की चार महत्वपूर्ण परियोजनाओं की आधारशिला भी रखेंगे। इन परियोजनाओं के तहत कल्पेनी और कदमत द्वीपों के पूर्वी एवं पश्चिमी तटों पर आधुनिक बंदरगाह सुविधाओं का विकास किया जाएगा। बहुउद्देशीय जेटी के निर्माण से 300 मीटर तक लंबाई वाले बड़े यात्री जहाजों और क्रूज पोतों को पूरे वर्ष सुरक्षित रूप से ठहराने की सुविधा उपलब्ध होगी।
इन परियोजनाओं से यात्रियों और माल परिवहन की क्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। साथ ही मछली प्रबंधन, ईंधन आपूर्ति, बर्फ भंडारण और नौकाओं की मरम्मत जैसी सुविधाओं का भी एकीकृत विकास किया जाएगा। सरकार का मानना है कि इससे समुद्री संपर्क मजबूत होगा, स्थानीय मछुआरों की आजीविका को बढ़ावा मिलेगा और पर्यटन क्षेत्र को नई ऊर्जा प्राप्त होगी।
प्रधानमंत्री मोदी की यह यात्रा केंद्र सरकार की उस विकास रणनीति का हिस्सा है, जिसके तहत देश के विभिन्न क्षेत्रों में आधुनिक बुनियादी ढांचे का विस्तार, निवेश को प्रोत्साहन, रोजगार सृजन और नागरिकों के जीवन स्तर में सुधार को प्राथमिकता दी जा रही है। विशेषज्ञों का मानना है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने से गुजरात, दमन और लक्षद्वीप के सामाजिक एवं आर्थिक विकास को नई दिशा मिलेगी।
