भारतीय महिला अंडर-18 हॉकी टीम ने एशिया कप में शानदार प्रदर्शन करते हुए सिंगापुर को 25-0 के बड़े अंतर से हराकर पूल ए में शीर्ष स्थान हासिल कर लिया है। इस जीत के साथ भारत ने सेमीफाइनल में अपनी जगह भी पक्की कर ली है।
मंगलवार को खेले गए मुकाबले में भारतीय टीम पूरी तरह हावी रही और सिंगापुर को मैच के किसी भी चरण में वापसी का मौका नहीं दिया। भारत की ओर से 10 अलग-अलग खिलाड़ियों ने गोल दागे, जो टीम के आक्रामक खेल और मजबूत सामूहिक प्रदर्शन को दर्शाता है।
नौशीन नाज मैच की सबसे सफल गोल स्कोरर रहीं। उन्होंने सात गोल कर सिंगापुर की रक्षा पंक्ति को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया। वहीं, ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुनी गई गीताश्री नम्मी ने पांच गोल किए। टीम की कप्तान स्वीटी कुजूर ने भी शानदार प्रदर्शन करते हुए चार गोल अपने नाम किए।
इसके अलावा प्रियंका मिंज ने हैट्रिक लगाई, जबकि दीया, नैन्सी सरोहा, श्रुति कुमारी, पुष्पा मांझी, रश्मीन कौर और संदीपा कुमारी ने भी गोल कर टीम की जीत में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
भारतीय टीम ने मैच की शुरुआत से ही आक्रामक रवैया अपनाया। दूसरे ही मिनट में कप्तान स्वीटी कुजूर ने गोल कर टीम का खाता खोला। इसके बाद नौशीन नाज और गीताश्री नम्मी ने लगातार गोल दागकर भारत की बढ़त को तेजी से बढ़ाया। पहले हाफ तक भारतीय टीम पूरी तरह मुकाबले पर नियंत्रण बनाए हुए थी।
दूसरे हाफ में भी भारतीय खिलाड़ियों ने अपना दबदबा कायम रखा। तीसरे और चौथे क्वार्टर में लगातार हमलों के जरिए भारतीय टीम ने सिंगापुर के डिफेंस को पूरी तरह बिखेर दिया। आखिरी क्वार्टर में भारत ने अकेले 10 गोल दागकर मैच को एकतरफा बना दिया।
यह अंडर-18 स्तर पर भारतीय महिला हॉकी टीम के सबसे यादगार प्रदर्शनों में से एक माना जा रहा है। टीम ने टूर्नामेंट में अब तक मलेशिया, कोरिया और सिंगापुर को हराया है। तीनों मुकाबलों में जीत दर्ज करते हुए भारत ने नौ अंकों के साथ पूल ए में शीर्ष स्थान हासिल किया और बिना किसी हार के सेमीफाइनल में प्रवेश किया।
भारतीय टीम का शानदार फॉर्म अब सेमीफाइनल में भी जारी रहने की उम्मीद है, जहां उसकी नजरें खिताब की ओर होंगी।
