उज्बेकिस्तान के ताशकंद में आयोजित एशियाई अंडर-17 और अंडर-15 बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भारतीय युवा मुक्केबाजों ने अपना अब तक का सबसे शानदार और ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए देश का नाम रोशन किया है। इस बड़ी प्रतियोगिता में भारतीय लड़कों और लड़कियों की टीमों ने अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाते हुए पदकों की झड़ी लगा दी। आज इस चैंपियनशिप के अंतिम दिन भारतीय मुक्केबाजों ने अपने अभियान का समापन बेहद गौरवशाली अंदाज में किया।
इस चैंपियनशिप के दोनों आयु वर्गों (अंडर-15 और अंडर-17) को मिलाकर भारत ने रिकॉर्ड संख्या में पदक अपने नाम किए हैं, जो देश में मुक्केबाजी के उभरते हुए सुनहरे भविष्य को दर्शाता है।
भारतीय मुक्केबाजों के प्रदर्शन के मुख्य बिंदु:
- अंडर-17 वर्ग में शानदार समापन: एशियाई अंडर-17 बॉक्सिंग चैंपियनशिप के अंतिम दिन भारतीय युवा मुक्केबाजों ने बेहतरीन खेल दिखाते हुए 2 स्वर्ण (Gold) और 7 रजत (Silver) पदक अपने नाम किए।
- कांस्य पदकों की भी बौछार: फाइनल मुकाबलों में पहुंचे खिलाड़ियों के अलावा भारत के 8 अन्य मुक्केबाजों ने अंडर-17 श्रेणी में शानदार प्रदर्शन करते हुए कांस्य (Bronze) पदक जीते।
- अंडर-17 में कुल पदकों की संख्या: इस शानदार प्रदर्शन की बदौलत अंडर-17 वर्ग में भारत के लड़कों और लड़कियों की टीमों के कुल पदकों की संख्या 17 तक पहुंच गई है।
- अंडर-15 वर्ग में भी रहा दबदबा: इससे पहले आयोजित हुई एशियाई अंडर-15 बॉक्सिंग चैंपियनशिप में भी भारतीय जूनियर मुक्केबाजों ने अद्भुत खेल दिखाया था। भारत ने इस श्रेणी में कुल 27 पदक जीते थे।
- अंडर-15 वर्ग का पदक तालिका: अंडर-15 चैंपियनशिप के कुल 27 पदकों में भारत ने 9 स्वर्ण, 6 रजत और 12 कांस्य पदक हासिल कर प्रतियोगिता में अपना मजबूत दबदबा कायम किया था।
