बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य में अगले पांच वर्षों के दौरान एक लाख शिक्षकों की भर्ती करने की बड़ी घोषणा की है। शिक्षा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि हर वर्ष कम से कम 20 हजार शिक्षकों की नियुक्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि भर्ती प्रक्रिया को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाने के लिए अब हर साल जुलाई महीने में शिक्षक नियुक्ति की अधिसूचना जारी की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में शिक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने और विद्यालयों में शिक्षकों की कमी दूर करने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। नई भर्ती प्रक्रिया से युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे और शिक्षा व्यवस्था में भी सुधार होगा।
वहीं शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा कि मुख्यमंत्री की इस घोषणा से शिक्षक भर्ती परीक्षा के चौथे चरण को लेकर बनी अनिश्चितता समाप्त हो गई है। उन्होंने बताया कि शिक्षा विभाग जल्द ही रिक्त शिक्षकीय पदों का आकलन करेगा और आगे की भर्ती प्रक्रिया के लिए नई मांग भेजी जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य राज्य के विद्यालयों में पर्याप्त संख्या में योग्य शिक्षकों की नियुक्ति कर शिक्षा की गुणवत्ता को बेहतर बनाना है। नई भर्ती प्रक्रिया से लंबे समय से नियुक्ति का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों को भी राहत मिलने की उम्मीद है।
