अमित शाह ने कलोल में 144 करोड़ की विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, 2029 तक मॉडल विधानसभा क्षेत्र बनाने का लक्ष्य
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने कलोल में 144 करोड़ रुपए की परियोजनाओं का उद्घाटन किया। 2029 तक कलोल को मॉडल विधानसभा क्षेत्र बनाने की योजना।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने मंगलवार को गुजरात के गांधीनगर जिले के कलोल नगरपालिका क्षेत्र में 144 करोड़ रुपए की विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया। इस अवसर पर कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। अमित शाह ने कहा कि पिछले 5-6 वर्षों में कलोल ने अभूतपूर्व विकास देखा है और आने वाले 10 वर्षों में यहां अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने बताया कि कलोल को 2029 तक एक मॉडल विधानसभा क्षेत्र बनाने की योजना पर काम जारी है।
उद्घाटन किए गए विकास कार्यों में वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, ज्योतेश्वर झील का विकास और एक नाइट शेल्टर शामिल हैं। इसके साथ ही स्वच्छता उपकरण और कई बोरवेल परियोजनाओं का भी उद्घाटन किया गया। स्वर्णिम जयंती मुख्यमंत्री विकास योजना और ऑडा (AUDA) ग्रांट के तहत 91 करोड़ रुपए की नई परियोजनाएं भी शुरू की गईं।
अमित शाह ने कहा कि केंद्र सरकार कलोल में 350 बिस्तरों वाला अत्याधुनिक अस्पताल बना रही है, जो 2027 तक चालू होगा। इस अस्पताल से स्थानीय लोगों को इलाज के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा। यह पीएचसी और सीएचसी से जुड़ा होगा और इसमें आउटडोर सेवाएं भी उपलब्ध रहेंगी। अस्पताल में विश्वस्तरीय उपकरण और विशेषज्ञ डॉक्टर होंगे। इसके पैथोलॉजी लैब की गुणवत्ता अहमदाबाद के सिविल अस्पताल से भी बेहतर होगी और आयुष्मान भारत कार्ड व गुजरात सरकार के कार्ड से ₹10 लाख तक का मुफ्त इलाज मिलेगा।
उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन, गैस सिलेंडर वितरण और शौचालय निर्माण में कलोल में सराहनीय प्रगति हुई है। अब ज्योतेश्वर तालाब का रखरखाव निजी कंपनी को सौंपा जाएगा, जहां बच्चों के लिए झूले, बोटिंग और शुद्ध भोजन स्टॉल की सुविधा मिलेगी।
अमित शाह ने यह भी बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनता को राहत देने के लिए खाने-पीने की चीजों पर जीएसटी कम किया है, किसानों के सामान पर टैक्स आधा किया गया है और वाहनों पर भी टैक्स कम किया गया है। कोयले पर टैक्स घटने से बिजली बिल भी कम होंगे। उन्होंने नागरिकों से स्वदेशी उत्पाद अपनाने की अपील की, जिससे रोजगार बढ़ेंगे और भारत की अर्थव्यवस्था दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगी।