डाइट में शामिल कर लें ये चीजें, कम हो जाएगा कैंसर होने का खतरा

Fruit and vegetable that prevent cancer: कैंसर जैसी घातक बीमारी का नाम सुनते से ही मौत का ख्याल आने लगता है, लेकिन एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर हम अपनी डाइट (Diet) को बैलेंस रखें

डाइट में शामिल कर लें ये चीजें, कम हो जाएगा कैंसर होने का खतरा

Fruit and vegetable that prevent cancer: कैंसर जैसी घातक बीमारी का नाम सुनते से ही मौत का ख्याल आने लगता है, लेकिन एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर हम अपनी डाइट (Diet) को बैलेंस रखें और कुछ हेल्दी चीजों का सेवन करें, तो कैंसर के खतरे को काफी हद तक काम किया जा सकता है.

तो चलिए आज हम आपको बताते हैं उन सुपर फूड्स (Superfoods) के बारे में जिनका सेवन करके आप कैंसर (cancer) के खतरे को कम कर सकते हैं. यह फूड आइटम आपकी बॉडी को सपोर्ट सिस्टम देते हैं और ओवरऑल हेल्थ को डेवलप करने में मदद करते हैं, साथ ही कैंसर सेल्स को बढ़ने से रोकते हैं.

फल जो कैंसर को रोकने में मदद करते हैं

ब्लूबेरी, स्ट्रॉबेरी, रास्पबेरी, ब्लैकबेरी

एंथोसायनिन और एलेजिक एसिड जैसे एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर ब्लूबेरी, स्ट्रॉबेरी, रास्पबेरी, ब्लैकबेरी कैंसर के बचाव करने में मदद करती हैं.

खट्टे फल (संतरे, नींबू, अंगूर)

इसमें विटामिन सी, फ्लेवोनोइड्स और लिमोनोइड्स होते हैं, जो इम्यून सिस्टम को बढ़ावा देने और ट्यूमर की ग्रोथ को रोकने के लिए जाने जाते हैं.

अनार

इसमें कैंसर रोधी गुणों वाले एलेजिक एसिड और पॉलीफेनोल्स होते हैं, जो प्रोस्टेट और ब्रेस्ट कैंसर के खतरों को कम करने में प्रभावी माने जाते हैं.

पपीता

बीटा-कैरोटीन, लाइकोपीन और विटामिन सी से भरपूर पपीता कोशिकाओं की मरम्मत में मदद करता है और ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस को रोकता है.

सब्जियां जो कैंसर को रोकने में मदद करती हैं

ब्रोकोली

इसमें सल्फोराफेन और इंडोल-3-कार्बिनोल होता है, जो कैंसर के खतरे को कम करने के लिए जाना जाता है.

पत्तेदार साग (पालक, काले, कोलार्ड साग)

हरे पत्तेदार साग कैरोटीनॉयड, फाइबर और फोलेट से भरपूर होते हैं, जो स्किन, फेफड़े और पेट के कैंसर के खतरे को कम करने में प्रभावी माने जाते हैं.

टमाटर

लाइकोपीन से भरपूर टमाटर अपने कैंसर रोधी गुणों के लिए जाना जाता है, ये प्रोस्टेट और फेफड़ों के कैंसर के खिलाफ विशेष रूप से फायदेमंद माना जाता है.

Disclaimer: खबर में दी गई कुछ जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. आप किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.