Prayagraj Flood : गंगा के जलस्तर में वृद्धि से फिर बाढ़ का खतरा, हरिद्वार, नरोरा और कानपुर से छोड़ा गया पानी

गंगा के जलस्तर में मंगलवार को वृद्धि जारी रहा, जबकि यमुना तीन सेमी प्रति घंटा की रफ्तार से घटने लगी हैं। गंगा लेटे हनुमान मंदिर के करीब पहुंच गई है। गंगा के जलस्तर में वृद्धि से फिर से बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

Prayagraj Flood : गंगा के जलस्तर में वृद्धि से फिर बाढ़ का खतरा, हरिद्वार, नरोरा और कानपुर से छोड़ा गया पानी

गंगा के जलस्तर में मंगलवार को वृद्धि जारी रहा, जबकि यमुना तीन सेमी प्रति घंटा की रफ्तार से घटने लगी हैं। गंगा लेटे हनुमान मंदिर के करीब पहुंच गई है। गंगा के जलस्तर में वृद्धि से फिर से बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। बुधवार को भी जलस्तर में वृद्धि जारी रही। गंगाजी श्री बड़े हनुमान मंदिर के नजदीक पहुंच गई हैं। यही रफ्तार जारी रही तो दूसरी बार गंगा जी मंदिर में प्रवेश करेंगी। 

सिंचाई बाढ़ खंड के कंट्रोल रूम से जारी बुलेटिन के मुताबिक, रात आठ बजे गंगा का जलस्तर फाफामऊ में 80.92 मीटर, छतनाग में 80.25 मीटर और नैनी में यमुना का जलस्तर 80.70 मीटर रिकॉर्ड किया गया। गंगा एक सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रही हैं। जबकि, यमुना का जलस्तर तीन सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से घट रहा है। मंगलवार को भी गंगा में पौने चार लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। हरिद्वार से 93,842 क्यूसेक, नरोरा से 40,349 क्यूसेक और कानपुर से 2,45,868 क्यूसेक पानी छोड़ा गया।