मन की बात: पीएम मोदी ने दी त्योहारों में ‘स्वदेशी अपनाने’ और स्वच्छता की सीख
मन की बात के 125वें एपिसोड में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों से त्योहारों पर स्वदेशी वस्तुओं का उपयोग करने और स्वच्छता अभियान को जन आंदोलन बनाने की अपील की।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम मन की बात के 125वें एपिसोड में देशवासियों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने गणेशोत्सव और आने वाले सभी त्योहारों की शुभकामनाएं देते हुए लोगों से स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने और स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने की अपील की।
पीएम मोदी ने कहा कि त्यौहारों में उपहार, परिधान, सजावट और रोशनी सब कुछ भारत में बने सामान से ही होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट संदेश देते हुए कहा— “गर्व से कहो, ये स्वदेशी है। उपहार वही हो, जो भारत में बना हो, पहनावा वही हो, जो भारत में बुना हो, सजावट वही हो, जो भारतीय सामान से हो और रोशनी वही हो, जो भारत में बनी झालरों से हो।”
प्रधानमंत्री ने ‘वोकल फॉर लोकल’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के मंत्र को दोहराते हुए कहा कि यही विकसित भारत की दिशा में सबसे मजबूत कदम है। उनके अनुसार, स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने से न केवल देश की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी बल्कि भारत की सांस्कृतिक पहचान भी और सशक्त बनेगी।
इसके साथ ही पीएम मोदी ने स्वच्छता अभियान पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन को जन आंदोलन बनाने की आवश्यकता है। हर नागरिक को अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखनी चाहिए ताकि भारत आत्मनिर्भर और विकसित बनने की राह पर तेजी से आगे बढ़ सके।
उन्होंने युवाओं से विशेष रूप से अपील की कि वे स्वदेशी उत्पादों का प्रयोग करें, स्वच्छता अभियान में सक्रिय रूप से जुड़ें और इन दोनों को अपने जीवन का हिस्सा बनाएं। कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर भी एक छोटा वीडियो साझा करते हुए लिखा— “गर्व से कहो ये स्वदेशी है।”