लाल किले से पीएम मोदी का संदेश: सामाजिक न्याय, गरीब कल्याण और नए भारत का विजन
स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले से पीएम मोदी ने सामाजिक न्याय, गरीब कल्याण योजनाओं, नियो मिडिल क्लास के उभार और महात्मा ज्योतिबा फुले की प्रेरणा पर जोर देते हुए देश को भविष्य का विजन दिया।
9वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को लाल किले की प्राचीर से देशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए अपने संबोधन में देश की प्रगति, एकता और भविष्य की योजनाओं पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य दलित, पीड़ित, शोषित और वंचित वर्गों के लिए प्रो-एक्टिव और प्रो-पीपल दृष्टिकोण अपनाना है।
सामाजिक न्याय और सैचुरेशन अप्रोच
पीएम मोदी ने कहा कि सामाजिक न्याय का वास्तविक रूप सैचुरेशन में है — जिसमें कोई भी हकदार वंचित न रहे और सरकार उसके घर तक पहुंचकर लाभ पहुंचाए। उन्होंने जनधन खातों के जरिए गरीबों को आर्थिक स्वाभिमान दिलाने का उल्लेख किया।
स्वास्थ्य और कल्याण योजनाएं
उन्होंने आयुष्मान भारत योजना को बीमारी सहने की आदत से मुक्ति दिलाने वाला कदम बताया और वरिष्ठ नागरिकों को ₹5 लाख से अधिक की स्वास्थ्य सहायता देने की बात कही।
गरीबों के सपनों को पंख
पीएम मोदी ने बताया कि पीएम आवास योजना के तहत 4 करोड़ गरीबों को घर मिले हैं, जो सिर्फ चार दीवारें नहीं बल्कि नए सपनों की शुरुआत हैं। रेहड़ी-पटरी वालों के लिए स्वनिधि योजना और डिजिटल लेन-देन के प्रसार का भी जिक्र किया।
गरीबी उन्मूलन में सफलता
उन्होंने कहा कि पहले गरीबी हटाओ के नारे सुने जाते थे लेकिन नतीजे नहीं मिलते थे। अब योजनाओं को सीधे गरीब के घर तक ले जाकर 10 वर्षों में 25 करोड़ से ज्यादा लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए हैं और एक नया नियो मिडिल क्लास तैयार हुआ है।
नियो मिडिल क्लास और विकास की दिशा
पीएम मोदी के अनुसार नियो मिडिल क्लास और मिडिल क्लास की जुगलबंदी देश की तरक्की में अहम भूमिका निभाएगी। उन्होंने महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती के समारोह की घोषणा करते हुए उनके "पिछड़े को प्राथमिकता" मंत्र को प्रेरणा बताया।
पिछड़े क्षेत्रों के लिए विशेष योजनाएं
पीएम मोदी ने कहा कि स्वनिधि योजना, विश्वकर्मा योजना, पीएम जन मन योजना और पूर्वी भारत के विकास के लिए चल रहे प्रयास देश को संतुलित विकास की दिशा में ले जाएंगे।