पीएम मोदी: भारत-सिंगापुर साझेदारी का भविष्य डिजिटल और नवाचार में

प्रधानमंत्री मोदी ने सिंगापुर के पीएम लॉरेंस वोंग के साथ भारत-सिंगापुर तकनीकी और डिजिटल सहयोग को बढ़ाने पर जोर दिया। एआई, क्वांटम और डिजिटल भुगतान में साझेदारी को आगे बढ़ाने की योजना।

पीएम मोदी: भारत-सिंगापुर साझेदारी का भविष्य डिजिटल और नवाचार में

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि तकनीक और नवाचार भारत और सिंगापुर के बीच साझेदारी के मजबूत स्तंभ हैं। उन्होंने बताया कि दोनों देशों ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम तकनीक और अन्य डिजिटल क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने का निर्णय लिया है।

पीएम मोदी के निमंत्रण पर सिंगापुर के प्रधानमंत्री लॉरेंस वोंग तीन दिवसीय भारत यात्रा पर आए हैं। दिल्ली में हुई बैठक और प्रेस वार्ता के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने भारत और सिंगापुर के बीच डिजिटल कनेक्टिविटी को सफल उदाहरण बताते हुए UPI और Pay Now का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि दोनों देशों ने द्विपक्षीय व्यापक आर्थिक सहयोग और मुक्त व्यापार समझौते की समीक्षा करने का समयबद्ध निर्णय लिया है।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि अंतरिक्ष क्षेत्र में हुए हालिया समझौते ने भारत-सिंगापुर सहयोग का नया अध्याय जोड़ा है। उन्होंने युवाओं को उनकी प्रतिभा से जोड़ने के लिए इस वर्ष के अंत में भारत-सिंगापुर हैकाथॉन आयोजित करने की योजना की घोषणा की।

पीएम मोदी ने सिंगापुर के प्रधानमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत करते हुए कहा कि यह उनकी पहली भारत यात्रा है और इस वर्ष दोनों देशों के संबंधों की 60वीं वर्षगांठ भी मनाई जा रही है। उन्होंने 2024 में अपनी सिंगापुर यात्रा का स्मरण कराते हुए बताया कि उस समय दोनों देशों ने अपनी साझेदारी को व्यापक रणनीतिक स्तर तक बढ़ाया था।

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सिंगापुर दक्षिण पूर्व एशिया में भारत का सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है। दोनों देशों के बीच रक्षा और निवेश संबंध लगातार मजबूत हो रहे हैं। उन्होंने उल्लेख किया कि भविष्य में सहयोग का विस्तार उन्नत विनिर्माण, ग्रीन शिपिंग, कौशल विकास, परमाणु और शहरी जल प्रबंधन जैसे क्षेत्रों में भी किया जाएगा।

प्रधानमंत्री मोदी ने सिंगापुर को भारत की एक्ट ईस्ट नीति का महत्वपूर्ण स्तंभ बताया और कहा कि दोनों देश हिंद-प्रशांत क्षेत्र में शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए आसियान के साथ मिलकर काम करेंगे। उन्होंने कहा कि भारत और सिंगापुर का संबंध केवल कूटनीतिक नहीं, बल्कि साझा मूल्यों पर आधारित उद्देश्यपूर्ण साझेदारी है।