रेली की लिलौर झील बनी पर्यटन केंद्र, 15 अगस्त से नौका विहार शुरू

बरेली की आंवला तहसील स्थित महाभारत कालीन लिलौर झील अब पर्यटन केंद्र बन रही है। 15 अगस्त से नौका विहार शुरू, लाइटिंग व्यवस्था और भविष्य में बैम्बू हट्स की सुविधा की योजना।

रेली की लिलौर झील बनी पर्यटन केंद्र, 15 अगस्त से नौका विहार शुरू

बरेली की आंवला तहसील में स्थित महाभारत कालीन लिलौर झील अब पर्यटन का नया केंद्र बनती जा रही है। 15 अगस्त से यहां नौका विहार की शुरुआत कर दी गई है, जिससे सैलानी झील की प्राकृतिक सुंदरता और शांति का आनंद ले सकेंगे।

प्रशासन ने झील को पर्यटन के लिहाज से विकसित करने के लिए बेहतर लाइटिंग व्यवस्था की है और भविष्य में पर्यटकों के लिए बैम्बू हट्स बनाकर रुकने की सुविधा देने की योजना बनाई है।

लिलौर झील ऐतिहासिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण मानी जाती है। कहा जाता है कि महाभारत काल में पांडवों के वनवास के दौरान युधिष्ठिर पानी की तलाश में इस झील के किनारे पहुंचे थे। यहीं उनका यक्ष के साथ प्रसिद्ध संवाद हुआ था।

इस ऐतिहासिक संदर्भ को जीवंत करने के लिए झील किनारे यक्ष और युधिष्ठिर की मूर्तियों के साथ संवाद दृश्य स्थापित किया जाएगा। इससे सैलानी न केवल प्राकृतिक सुंदरता का आनंद लेंगे बल्कि सांस्कृतिक और ऐतिहासिक अनुभव भी प्राप्त करेंगे।