'I.N.D.I.A गठबंधन छोड़ सकते हैं नीतीश कुमार,' चिराग पासवान ने कहा विपक्षी दलों को उनपर भरोसा नहीं
Lok Sabha Election 2024: लोकसभा चुनाव 2024 में बीजेपी को चुनौती देने के मकसद से इंडिया गठबंधन में विपक्ष की 28 पार्टियां एक प्लेटफार्म पर आई है. इंडिया गठबंधन की अब तक तीन बैठक हो चुकी है लेकिन इसके संयोजन के नाम पर सहमति नहीं बन सकी है और न ही विपक्ष की ओर से संयुक्त पीएम उम्मीदवार पर बात बनी है. इस बीच लोक जनशक्ति पार्टी ( रामविलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि विपक्षी दल को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भरोसा नहीं है. एलजेपी सांसद पासवार ने रविवार ( 17 सितंबर) को प्रयागराज एयरपोर्ट पर संवाददाताओं से बातचीत के दौरान कहा कि विपक्षी दलों के अंदर नीतीश कुमार को लेकर भ्रम है. इसलिए वो अपनी महत्वाकांक्षा पूरी नहीं होने के कारण कभी भी गठबंधन छोड़ सकते हैं. वहीं इन दिनों चर्चा है कि खुद राज्य में उनके साथी दल राजेडी के प्रमुख लालू यादव उनको फेवर करते नहीं दिख रहे है. जबकि इंडिया अलायंस में सभी को एकजुट करने की पहल नीतीश कुमार की तरफ से की गई थी. विपक्षी दलों को नीतीश पर भरोसा नहीं- चिरागजमुई से लोकसभा सांसद चिराग ने कहा कि पहले लालू प्रसाद यादव के शासनकाल के दौरान नीतीश कुमार बिहार में 'जंगल राज को लेकर आरजेडी की सरकार पर आरोप लगाते थें. बिहार में दोनों नेता हमेशा से एक-दूसरे के विरोधी थे लेकिन आज वे केवल सत्ता के लालच में एक साथ आए हैं. उन्होंने कहा कि राजद-जदयू गठबंधन विरोधाभासों से भरा गठबंधन है. चिराग ने नीतीश कुमार की राजनीतिक विश्वसनीयता पर सवाल करते हुए कहा कि इसलिए उन्हें संयोजक की जिम्मेदारी नहीं दी गई है, जबकि वो पीएम पद की दावेदारी के साथ इस गठबंधन से जुड़े थे. चिराग ने पूरी तरह स्पष्ट कर दिया कि वे 'इंडिया' गठबंधन को कभी भी छोड़ देंगे क्योंकि नीतीश कुमार एनडीए और महागठबंधन को भी धोखा दे चुके हैं. चिराग ने बताया कि इसी कारण की वजह से विपक्षी दलों की ओर से उन पर भरोसा नहीं किया जा रहा है. लालू यादव भी नहीं दे रहे साथवहीं, बिहार से लेकर दिल्ली की सियासी गलियारों में भी चर्ची है कि नीतीश के साथ गठबंधन के वाबजुद लालू यादव नीतीश कुमार की दावेदारी पेश नहीं कर रहे है जबकि लालू यादव की कांग्रेस और विपक्ष की पार्टियों के साथ काफी पुराना रिश्ता रहा है. जेडीयू के नेताओं ने भी समय-समय पर नीतीश कुमार को पीएम पद का दावेदार बताया है. बीते दिनों बिहार में रैली के दौरान अमित शाह भी सभी पर कटाक्ष किया लेकिन नीतीश कुमार के प्रति सॉफ्ट कॉर्नर बनाते दिखे और अब चिराग पासवान के बयान के बाद एक अलग चर्चा शुरू हो गई है. ये भी पढ़ें- BRS भष्टाचार से बचने के लिए बीजेपी को देती है प्रोटेक्शन मनी, चुनाव से पहले कविता को गिरफ्तार करने का प्लान, तेलंगाना कांग्रेस अध्यक्ष का दावा
Lok Sabha Election 2024: लोकसभा चुनाव 2024 में बीजेपी को चुनौती देने के मकसद से इंडिया गठबंधन में विपक्ष की 28 पार्टियां एक प्लेटफार्म पर आई है. इंडिया गठबंधन की अब तक तीन बैठक हो चुकी है लेकिन इसके संयोजन के नाम पर सहमति नहीं बन सकी है और न ही विपक्ष की ओर से संयुक्त पीएम उम्मीदवार पर बात बनी है. इस बीच लोक जनशक्ति पार्टी ( रामविलास) के अध्यक्ष चिराग पासवान ने बड़ा दावा करते हुए कहा कि विपक्षी दल को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर भरोसा नहीं है.
एलजेपी सांसद पासवार ने रविवार ( 17 सितंबर) को प्रयागराज एयरपोर्ट पर संवाददाताओं से बातचीत के दौरान कहा कि विपक्षी दलों के अंदर नीतीश कुमार को लेकर भ्रम है. इसलिए वो अपनी महत्वाकांक्षा पूरी नहीं होने के कारण कभी भी गठबंधन छोड़ सकते हैं. वहीं इन दिनों चर्चा है कि खुद राज्य में उनके साथी दल राजेडी के प्रमुख लालू यादव उनको फेवर करते नहीं दिख रहे है. जबकि इंडिया अलायंस में सभी को एकजुट करने की पहल नीतीश कुमार की तरफ से की गई थी.
विपक्षी दलों को नीतीश पर भरोसा नहीं- चिराग
जमुई से लोकसभा सांसद चिराग ने कहा कि पहले लालू प्रसाद यादव के शासनकाल के दौरान नीतीश कुमार बिहार में 'जंगल राज को लेकर आरजेडी की सरकार पर आरोप लगाते थें. बिहार में दोनों नेता हमेशा से एक-दूसरे के विरोधी थे लेकिन आज वे केवल सत्ता के लालच में एक साथ आए हैं. उन्होंने कहा कि राजद-जदयू गठबंधन विरोधाभासों से भरा गठबंधन है.
चिराग ने नीतीश कुमार की राजनीतिक विश्वसनीयता पर सवाल करते हुए कहा कि इसलिए उन्हें संयोजक की जिम्मेदारी नहीं दी गई है, जबकि वो पीएम पद की दावेदारी के साथ इस गठबंधन से जुड़े थे. चिराग ने पूरी तरह स्पष्ट कर दिया कि वे 'इंडिया' गठबंधन को कभी भी छोड़ देंगे क्योंकि नीतीश कुमार एनडीए और महागठबंधन को भी धोखा दे चुके हैं. चिराग ने बताया कि इसी कारण की वजह से विपक्षी दलों की ओर से उन पर भरोसा नहीं किया जा रहा है.
लालू यादव भी नहीं दे रहे साथ
वहीं, बिहार से लेकर दिल्ली की सियासी गलियारों में भी चर्ची है कि नीतीश के साथ गठबंधन के वाबजुद लालू यादव नीतीश कुमार की दावेदारी पेश नहीं कर रहे है जबकि लालू यादव की कांग्रेस और विपक्ष की पार्टियों के साथ काफी पुराना रिश्ता रहा है. जेडीयू के नेताओं ने भी समय-समय पर नीतीश कुमार को पीएम पद का दावेदार बताया है. बीते दिनों बिहार में रैली के दौरान अमित शाह भी सभी पर कटाक्ष किया लेकिन नीतीश कुमार के प्रति सॉफ्ट कॉर्नर बनाते दिखे और अब चिराग पासवान के बयान के बाद एक अलग चर्चा शुरू हो गई है.