'पार्टी छोड़ दो नहीं तो जान से हाथ धो बैठोगे': भाजपा नेता को मिला धमकी भरा पत्र, प्रशासन से की सुरक्षा की मांग

भाजपा नेता योगेंद्र पांडेय को जान से मारने की धमकी भरा पत्र मिला है। इसके बाद पूरे घर के साथ ही भाजपा नेताओं में सनसनी फैल गई। पत्र भेजने वाले ने भाजपा नेता को अपनी पोस्ट छोड़ने की धमकी भी दी है। 

'पार्टी छोड़ दो नहीं तो जान से हाथ धो बैठोगे': भाजपा नेता को मिला धमकी भरा पत्र, प्रशासन से की सुरक्षा की मांग

भाजपा नेता योगेंद्र पांडेय को जान से मारने की धमकी भरा पत्र मिला है। इसके बाद पूरे घर के साथ ही भाजपा नेताओं में सनसनी फैल गई। पत्र भेजने वाले ने भाजपा नेता को अपनी पोस्ट छोड़ने की धमकी भी दी है। 

भाजपा के जिला उपाध्यक्ष दरभा मंडल के प्रभारी और जगदलपुर नगर निगम में पार्षद योगेंद्र पांडेय को जान से मारने की धमकी भरा पत्र मिला है। उनके घर पोस्ट से माध्यम से धमकी भरा पत्र आया है। पत्र मिलने के बाद योगेंद्र पांडेय ने पुलिस महानिरीक्षक और पुलिस अधीक्षक को एक आवेदन भी दिया है। धमकी भरा पत्र मिलने के बाद पूरे परिवार में डर का माहौल है। पत्र में लिखा है, 'बार-बार समझा रहे हैं, लगता है समझ नहीं आ रहा है। अपना पद और पार्टी छोड़ दो नहीं तो तुम्हारे लिए अच्छा नहीं होगा। सीधे जान से हाथ धो बैठोगे। पुलिस भी कुछ नहीं कर पाएगी, इसे आखिरी चेतावनी समझना।'

वहीं, योगेंद्र पांडेय ने अपने पत्र में लिखा है कि राजवाड़ा सुभाष वार्ड क्र0-09 जगदलपुर वर्तमान में भारतीय जनता पार्टी जिला बस्तर के उपाध्यक्ष पद पर पदस्थ होने के साथ ही रमैया वार्ड-17 का निर्वाचित वार्ड का पार्षद हूं। इससे पहले निगम अध्यक्ष के दायित्व में सेवा देने के साथ ही पार्टी के आदेश के अनुसार दरभा मंडल का प्रभारी का भी दायित्व संभालने की बात कही है। इसके पहले भी एक बार फोन के द्वारा धमकी दी जा चुकी है और पत्र के माध्यम से जान से मारने की धमकी दी जा चुकी है, जिसकी सुचना पुलिस प्रशासन को पहले भी दी है। 

एक फरवरी को  दोबारा पत्र के माध्यम से जान से मारने की धमकी भरा पत्र मिला। इसमें पार्टी पद को छोड़ने एवं जान से मारने की धमकी लिखी हुई है। मेरी और मेरे परिवार की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उचित कार्रवाई समय रहते हुए करना उचित होगा, क्योंकि मुझे भी ऐसा प्रतीत हो रहा है कि मुझे जान का खतरा है। इसके पहले 2003 से लेकर 2018 तक मेरे सुरक्षा व्यवस्था पुलिस प्रशासन द्वारा दी गई थी, लेकिन अचानक 2018 में वापस ले ली गई वो भी बिना सूचना के। सभी चीजों को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा प्रदान किया जाए।