लिवरपूल वर्ल्ड चैंपियनशिप: जेसमिन लांबोरिया और नूपुर श्योराण फाइनल में, भारत को मिला चौथा पदक सुनिश्चित
लिवरपूल में जारी बॉक्सिंग वर्ल्ड चैंपियनशिप में जेसमिन लांबोरिया और नूपुर श्योराण फाइनल में पहुंचीं। मिनाक्षी हूडा और पूजा रानी ने भी शानदार प्रदर्शन कर भारत को चार पदक दिलाए।
लिवरपूल (यूके): भारत की महिला मुक्केबाजों ने वर्ल्ड बॉक्सिंग चैंपियनशिप में इतिहास रचते हुए चार पदक सुनिश्चित कर लिए हैं। शनिवार को खेले गए सेमीफाइनल मुकाबलों में जेसमिन लांबोरिया और नूपुर श्योराण ने अपने-अपने वर्गों में शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में जगह बनाई।
57 किलोग्राम वर्ग में जेसमिन लांबोरिया ने वेनेजुएला की ओमायलिन अल्काला को एकतरफा मुकाबले में 5-0 से हराकर फाइनल में प्रवेश किया। अब वह पेरिस ओलंपिक की रजत पदक विजेता जूलिया ज़ेरेमेटा से खिताबी मुकाबला खेलेंगी।
वहीं, 80+ किलोग्राम वर्ग में नूपुर श्योराण ने तुर्की की डुज़टास सेयमा को 5-0 से मात देकर फाइनल में जगह बनाई। उनका सामना अब पोलैंड की अगाटा काज़मार्स्का से होगा।
इससे पहले गैर-ओलंपिक 48 किलोग्राम वर्ग में मिनाक्षी हूडा ने इंग्लैंड की अंडर-19 विश्व चैंपियन एलिस पंफ्री को 5-0 से हराकर भारत के लिए चौथा पदक सुनिश्चित किया। सेमीफाइनल में उनका सामना मंगोलिया की 2023 की रजत पदक विजेता लुत्सैखानी अल्तानत्सेग से होगा।
इसके अलावा, ओलंपियन पूजा रानी ने कड़े मुकाबले में पोलैंड की एमिलिया कोटर्सका को 3-2 से हराकर 80 किलोग्राम वर्ग के सेमीफाइनल में प्रवेश किया। अब उनका सामना यूनाइटेड किंगडम की एमिली एस्क्विथ से होगा।
हालांकि, पुरुष मुक्केबाजों का अभियान निराशाजनक रहा। 50 किलोग्राम वर्ग के क्वार्टरफाइनल में जदुमणि सिंह मांदेंगबाम कज़ाखस्तान के मौजूदा विश्व चैंपियन सांझार ताशकेनबे से हारकर बाहर हो गए। इसके साथ ही भारत की 10 सदस्यीय पुरुष टीम 2013 के बाद पहली बार बिना पदक के लौटी।
भारत अब महिला वर्ग में जेसमिन लांबोरिया, नूपुर श्योराण, मिनाक्षी हूडा और पूजा रानी के दम पर चार पदक पक्का कर चुका है और फाइनल में और पदक जीतने की उम्मीदें बनी हुई हैं।