मध्यप्रदेश में ‘वीमेर फॉर ट्रीज’ और ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान से शहरी हरियाली को बढ़ावा

मध्यप्रदेश में ‘वीमेर फॉर ट्रीज’ और ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान से 15 अगस्त तक 50 लाख पौधे लगाने का लक्ष्य। स्व सहायता समूहों की महिलाएं 2 साल तक पौधों की देखभाल करेंगी।

मध्यप्रदेश में ‘वीमेर फॉर ट्रीज’ और ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान से शहरी हरियाली को बढ़ावा

प्रदेश के शहरी क्षेत्रों में हरियाली बढ़ाने के लिए नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने केंद्र सरकार के निर्देश पर ‘वीमेर फॉर ट्रीज’ अभियान शुरू किया है। इस पहल के तहत पौधारोपण के बाद उनकी देखभाल की जिम्मेदारी 7 हजार स्व सहायता समूहों की महिलाओं को सौंपी गई है। विभाग ने इसके लिए 1 करोड़ 14 लाख रुपये जारी किए हैं।

यह कार्यक्रम ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान के अंतर्गत संचालित हो रहा है। अब तक 2 लाख 30 हजार पौधे लगाए जा चुके हैं, जिनकी देखभाल स्व सहायता समूह आगामी 2 वर्षों तक करेंगे। इस पहल में नागरिकों, शैक्षणिक संस्थानों और औद्योगिक इकाइयों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जा रही है। स्थानीय स्तर पर नर्सरी स्थापना, प्रशिक्षण कार्यक्रम और मास्टर ट्रेनर्स तैयार करने का कार्य भी जारी है।

पर्यावरण और मातृत्व का संगम
5 जून, विश्व पर्यावरण दिवस से ‘एक पेड़ माँ के नाम’ अभियान की शुरुआत की गई थी। यह केवल पौधारोपण नहीं, बल्कि मातृत्व के सम्मान और पृथ्वी के संरक्षण की एक भावनात्मक और सामाजिक पहल है, जिसमें नागरिक अपनी माँ के नाम पर पौधे लगाते हैं।

अमृत हरित महा अभियान
13 जून 2025 से प्रदेश के 418 नगरीय निकायों में ‘अमृत हरित महा अभियान’ की शुरुआत हुई। इस अभियान के लिए 2500 नोडल कर्मियों को प्रशिक्षित किया गया है। अब तक शहरी क्षेत्रों में सरकारी विभागों द्वारा 41.65 लाख और नगरीय निकायों द्वारा 6.80 लाख पौधे लगाए जा चुके हैं। कुल मिलाकर 48.44 लाख पौधारोपण पूरा हो चुका है और लक्ष्य है कि 15 अगस्त तक 50 लाख पौधे लगाए जाएं।