बिहार में पशुपालन और मत्स्य पालन को नई गति, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 700 करोड़ की परियोजनाओं का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पटना में पशुपालन और मत्स्य पालन क्षेत्र की 700 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का उद्घाटन कर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई दिशा दी।

बिहार में पशुपालन और मत्स्य पालन को नई गति, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 700 करोड़ की परियोजनाओं का किया शुभारंभ

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज पटना स्थित वेटनरी कॉलेज परिसर में पशुपालन और मत्स्य पालन क्षेत्र से जुड़ी कई अहम परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इन योजनाओं का उद्देश्य बिहार में पशु चिकित्सा सुविधाओं को सुदृढ़ करना, उत्पादन क्षमता को बढ़ाना और पशुपालकों व मछुआरों को आर्थिक लाभ पहुंचाना है।

इस मौके पर मुख्यमंत्री ने बिहार पशु विज्ञान विश्वविद्यालय के अंतर्गत 143 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 13 भवनों का उद्घाटन किया। ये भवन न केवल विश्वविद्यालय की अनुसंधान क्षमता को बढ़ाएंगे बल्कि पशु विज्ञान से संबंधित शिक्षा को भी और मजबूत करेंगे।

कार्यक्रम में कुल 362.58 करोड़ रुपये की पशुपालन योजनाएं, 45.22 करोड़ रुपये की मत्स्य पालन परियोजनाएं और 286.22 करोड़ रुपये की कॉम्फेड (COMPFED) योजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया गया।

इन योजनाओं के तहत कई महत्वपूर्ण कार्य किए जा रहे हैं। राज्य और जिला स्तर पर संसाधन व प्रशिक्षण केंद्र स्थापित किए जाएंगे, जहां पशुपालकों को आधुनिक तकनीक और बेहतर पशुपालन पद्धतियों की जानकारी दी जाएगी। नए पशु चिकित्सालयों की स्थापना से पशुओं के इलाज की सुविधा भी सुलभ और बेहतर होगी।

कॉम्फेड की योजनाओं के अंतर्गत पूर्णिया में कृत्रिम गर्भाधान प्रशिक्षण केंद्र की स्थापना, दुग्ध उत्पाद निर्माण संयंत्र का विस्तार और गया में नए प्रशिक्षण केंद्र का निर्माण शामिल है।

इसी तरह मत्स्य पालन क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए किशनगंज, बांका और पूर्णिया में पंचायत व प्रखंड स्तर पर पांच मत्स्य बाजार बनाए जाएंगे। इनसे मछुआरों को अपनी उपज बेचने के लिए बेहतर मंच मिलेगा।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि इन परियोजनाओं से बिहार में पशुपालन और मत्स्य पालन क्षेत्र को नई गति मिलेगी। साथ ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।